इस दीपावली को मन के भीतर एक दीप जलाए

इस दीपावली को मन के भीतर एक दीप जलाए

मन के भीतर एक दीप जलाए

सूर्यास्त के समय एक बार सूर्य ने सबसे पूछा,
मेरी अनुपस्थिति मे मेरी जगह कौन कार्य करेगा?
समस्त विश्व मे सन्नाटा छा गया ।
किसी के पास कोई उत्तर नहीं था ।
तभी  कोने से एक आवाज आई–
दीपक ने कहा “मै हूं  ना” मै अपना पूरा  प्रयास  करुंगा  ।

आपकी सोच  में  दम होनी चाहिए ,
चमक होनी चाहिए ।
छोटा -बड़ा होने से फर्क  नहीं पड़ता,
सोच  बड़ी  होनी चाहिए ।
मन के भीतर  एक दीप जलाए,
दीपावली  को  यादगार  बनाए।

Happy Diwali


Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *